Kgp News https://www.kgpnews.in Tue, 03 Feb 2026 15:39:37 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9 183510223 ऑपरेशन जीवन रक्षा” के तहत RPF की तेज़ कार्रवाई, नई बुलेट/हाई-स्पीड रेल लाइनों से प्रमुख शहरों के बीच यात्रा समय काफी घटेगा https://www.kgpnews.in/2026/02/union-budget-2026-27-drives-passenger-centric-railway-modernisation-enhanced-safety-and-all-round-regional-development.html https://www.kgpnews.in/2026/02/union-budget-2026-27-drives-passenger-centric-railway-modernisation-enhanced-safety-and-all-round-regional-development.html#respond Tue, 03 Feb 2026 15:39:00 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38788

बजट 2026–27: रेल आधुनिकीकरण, सुरक्षा और क्षेत्रीय विकास पर बड़ा फोकस

केंद्रीय बजट 2026–27 में रेलवे को रिकॉर्ड स्तर का फंड आवंटन दिया गया है। इसका उद्देश्य है:

यात्री सुविधाओं में सुधार

हाई-स्पीड रेल नेटवर्क का विस्तार

सुरक्षा और विद्युतीकरण

माल ढुलाई क्षमता बढ़ाना

दूरदराज़ और पहाड़ी क्षेत्रों को जोड़ना

⚡ हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर (यात्रा समय में भारी कमी)

नई बुलेट/हाई-स्पीड रेल लाइनों से प्रमुख शहरों के बीच यात्रा समय काफी घटेगा:

दिल्ली–वाराणसी: ~3 घंटे 50 मिनट

वाराणसी–सिलीगुड़ी: ~2 घंटे 55 मिनट

चेन्नई–बेंगलुरु: ~1 घंटा 13 मिनट

मुंबई–पुणे: ~48 मिनट

बेंगलुरु–हैदराबाद: ~2 घंटे

चेन्नई–हैदराबाद: ~2 घंटे 55 मिनट

इससे पर्यटन, व्यापार और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।

🏔 हिमालयी और धार्मिक क्षेत्रों में रेल विस्तार

ऋषिकेश–कर्णप्रयाग लाइन: सुरंगों के साथ, तीर्थ और पर्यटन कनेक्टिविटी बेहतर

जम्मू-कश्मीर में उरी तक विस्तार: सालभर कनेक्टिविटी

हिमाचल प्रदेश: नेटवर्क विस्तार और विद्युतीकरण

🌄 पूर्वोत्तर कनेक्टिविटी

पूर्वोत्तर को देश के बाकी हिस्सों से जोड़ने के लिए:

40 किमी अंडरग्राउंड रेल कॉरिडोर योजना

मौजूदा ट्रैक को चार लाइन में बदलने की तैयारी

नई लाइनें, स्टेशन अपग्रेड और सुरक्षा सुधार

🚛 माल ढुलाई (Freight) सुधार

ईस्ट–वेस्ट डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर: डांकुनी (WB) से सूरत (Gujarat)

लाभ:

मालगाड़ियों की तेज आवाजाही

यात्री लाइनों पर भीड़ कम

लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी

🏙 दक्षिण भारत हाई-स्पीड “डायमंड” नेटवर्क

हैदराबाद–बेंगलुरु–चेन्नई को जोड़ने वाला हाई-स्पीड नेटवर्क:

आईटी और मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर को बढ़ावा

बिज़नेस ट्रैवल और टैलेंट मूवमेंट आसान

⚡ 100% विद्युतीकरण

पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश: 100% रेल विद्युतीकरण पूरा

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत स्टेशन आधुनिकीकरण

💰 राज्यवार बजट में बड़ी बढ़ोतरी (मुख्य उदाहरण)

राज्य

2026–27 आवंटन

महाराष्ट्र

₹23,926 करोड़

उत्तर प्रदेश

₹20,012 करोड़

गुजरात

₹17,366 करोड़

मध्य प्रदेश

₹15,188 करोड़

पश्चिम बंगाल

₹14,205 करोड़

बिहार

₹10,379 करोड़

ओडिशा

₹10,928 करोड़

(अधिकांश राज्यों में 9–29 गुना तक वृद्धि)

👥 यात्रियों को क्या फायदा

कम यात्रा समय

ज्यादा सुरक्षित ट्रेनें

आधुनिक स्टेशन

भीड़ में कमी

बेहतर कनेक्टिविटी

ज्यादा रोजगार अवसर

“ऑपरेशन जीवन रक्षा” के तहत RPF की तेज़ कार्रवाई

खड़गपुर, 03.02.2026

चल रहे “ऑपरेशन जीवन रक्षा” के तहत, रेलवे प्रोटेक्शन फ़ोर्स (RPF) ने एक बार फिर संतरागाछी रेलवे स्टेशन पर एक संभावित हादसे को रोककर यात्रियों की सुरक्षा के लिए बहुत ज़्यादा सतर्कता और लगन दिखाई।

जब ट्रेन नंबर 18410 सुबह करीब 08:37 बजे संतरागाछी रेलवे स्टेशन के प्लेटफ़ॉर्म नंबर 01 पर पहुँची, तो एक यात्री ने ट्रेन के चलने के बाद उससे उतरने की कोशिश की। इस असुरक्षित काम के दौरान, यात्री का पैर चलती ट्रेन और प्लेटफ़ॉर्म के बीच फँस गया, जिससे गंभीर दुर्घटना के खतरे के साथ बहुत खतरनाक स्थिति बन गई।

घटना को तुरंत देखते हुए, ड्यूटी पर मौजूद RPF स्टाफ़ ने तुरंत और सूझबूझ से काम लिया और तुरंत इमरजेंसी कार्रवाई की। समय पर और निर्णायक दखल से, यात्री को ट्रेन और प्लेटफ़ॉर्म के बीच से सुरक्षित निकाल लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।

अच्छी बात यह है कि बचाए गए यात्री को कोई चोट नहीं आई और वह पूरी तरह से सुरक्षित पाया गया। इसके बाद RPF स्टाफ ने उसे सुरक्षित यात्रा के तरीकों और चलती ट्रेनों में चढ़ने या उतरने से बचने के महत्व के बारे में सलाह दी। पूछताछ करने पर, यात्री ने बताया कि वह अपने परिवार के साथ पुरी से शालीमार जा रहा था।

ऑपरेशन जीवन रक्षा के तहत RPF की तुरंत प्रतिक्रिया और पेशेवर व्यवहार एक बार फिर रेल यात्रियों की सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित करने के लिए फोर्स के पक्के इरादे को दिखाता है।

 

Swift RPF Action under “Operation Jeevan Raksha” at Santragachi Station

Kharagpur, 03.02.2026

Under the ongoing “Operation Jeevan Raksha”, the Railway Protection Force (RPF) once again demonstrated exceptional alertness and dedication to passenger safety by preventing a potential mishap at Santragachi Railway Station.

 

On arrival of Train No. 18410 at Platform No. 01, Santragachi Railway Station at about 08:37 hrs, a passenger attempted to deboard the train after it had already started moving. During this unsafe act, the passenger’s leg got trapped between the moving train and the platform, creating a highly dangerous situation with the risk of a serious accident.

 

Noticing the incident instantly, the on-duty RPF staff reacted with promptness and presence of mind and took immediate emergency action. With timely and decisive intervention, the passenger was safely rescued from between the train and the platform, thereby averting a major tragedy.

 

Fortunately, the rescued passenger did not sustain any injury and was found to be completely safe. He was subsequently counselled by RPF staff regarding safe travel practices and the importance of avoiding boarding or deboarding from moving trains. Upon enquiry, the passenger disclosed that he was travelling along with his family from Puri to Shalimar.

 

The quick response and professional conduct of the RPF under Operation Jeevan Raksha once again highlights the force’s unwavering commitment towards ensuring the safety and well-being of railway passengers.

 

*Union Budget 2026–27 Drives Passenger-Centric Railway Modernisation, Enhanced Safety, and All-Round Regional Development*

*High-Speed Rail Corridors to Reduce Travel Time; Delhi–Varanasi in 3 Hours 50 Minutes, Varanasi–Siliguri in 2 Hours 55 Minutes, Chennai–Bengaluru in 1 Hour 13 Minutes, Mumbai–Pune in 48 Minutes*

*Himalayan Rail Expansion to Enhance Pilgrim, Tourist and All-Weather Connectivity; Rishikesh–Karnaprayag Line and Uri Extensions to Improve Access to Remote Areas*

*Planned 40-km Underground Rail Corridor to Strengthen Connectivity Between Northeast and Rest of India; Four-Line Expansion to Ensure Uninterrupted Passenger and Freight Movement*

https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=2222767&v=2&reg=3&lang=2

 

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माध्यमिक परीक्षार्थियों के लिए ‘कवच’ बनी पुलिस और वन विभाग, कहीं हाथियों से सुरक्षा तो कहीं बने ‘मुश्किल आसान’ https://www.kgpnews.in/2026/02/madhyamik-students-gets-help-from-administration.html https://www.kgpnews.in/2026/02/madhyamik-students-gets-help-from-administration.html#respond Mon, 02 Feb 2026 19:15:43 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38783

पश्चिम बंगाल में माध्यमिक (10वीं बोर्ड) की परीक्षाओं का आगाज एक नई मिसाल के साथ हुआ है। राज्य के विभिन्न हिस्सों से प्रशासन की संवेदनशीलता की ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जिन्होंने न केवल छात्रों का तनाव कम किया, बल्कि मानवता का परिचय भी दिया। कहीं वन विभाग की ‘ऐरावत’ गाड़ियां छात्रों को हाथियों के झुंड से बचाकर परीक्षा केंद्र ले गईं, तो कहीं पुलिस ने गलत केंद्र पहुंचे छात्रों को अपनी बाइक पर बैठाकर मंजिल तक पहुंचाया।
​जंगली रास्तों पर ‘ऐरावत’ का पहरा
​पश्चिम मेदिनीपुर और झाड़ग्राम जैसे जंगली इलाकों में हाथियों का आतंक छात्रों के लिए बड़ी बाधा बनता रहा है। इस साल वन विभाग ने छात्रों की सुरक्षा के लिए विशेष ‘ऐरावत’ गाड़ियां (पेट्रोलिंग वैन) तैनात की हैं।
​गुड़गुड़ीपाल और नयाग्राम जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में ये गाड़ियां सायरन बजाते हुए छात्रों के वाहनों को एस्कॉर्ट कर रही हैं, ताकि जंगल के रास्ते में हाथियों का सामना न हो। उत्तर बंगाल के चाय बागानों वाले इलाकों में भी वन विभाग ने तेंदुओं के खतरे को देखते हुए विशेष बसें और जाल (Netting) लगाए हैं, ताकि परीक्षार्थी निडर होकर केंद्र तक पहुंच सकें।
​जब पुलिस बनी ‘मुश्किल आसान’
​एक और दिल छू लेने वाली घटना खड़गपुर से सामने आई। यहाँ दो छात्र परीक्षा के तनाव और जल्दबाजी में अपने निर्धारित केंद्र ‘साउथ साइड हाई स्कूल’ के बजाय गलती से ‘इंदा बालिका विद्यालय’ पहुंच गए। जब उन्हें अपनी गलती का एहसास हुआ, तो उनके पास समय बहुत कम बचा था और वे घबरा गए।
​वहां तैनात खड़गपुर टाउन पुलिस के जवानों ने तुरंत मोर्चा संभाला। पुलिस ने अपनी विशेष ‘सहायता बाइक’ पर दोनों छात्रों को बैठाया और ट्रैफिक के बीच से निकालते हुए सुरक्षित उनके सही परीक्षा केंद्र तक पहुंचाया। खड़गपुर टाउन थाना प्रभारी पार्थसारथी पाल ने बताया कि ऐसी आपात स्थितियों के लिए शहर में विशेष टीमें तैनात की गई हैं, जो एडमिट कार्ड भूलने या वाहन खराब होने पर छात्रों की मदद कर रही हैं।
​फूल और कलम से स्वागत
​केवल सुरक्षा ही नहीं, प्रशासन ने छात्रों का मनोबल बढ़ाने में भी कोई कसर नहीं छोड़ी। कई केंद्रों पर पुलिसकर्मियों को छात्रों को गुलाब के फूल और पेन भेंट करते देखा गया। आनंदपुर थाना क्षेत्र के स्कूलों के बाहर पुलिस ने छात्रों का स्वागत किया और उन्हें शांतिपूर्ण ढंग से परीक्षा लिखने के लिए शुभकामनाएं दीं।
​अभिभावकों ने जताया आभार
​प्रशासन की इस तत्परता ने अभिभावकों का दिल जीत लिया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि पुलिस और वन विभाग की इस सक्रियता से न केवल छात्रों की जान सुरक्षित रही, बल्कि उनका कीमती साल खराब होने से भी बच गया।
​पश्चिम बंगाल सरकार और प्रशासन की यह सामूहिक पहल यह संदेश देती है कि जब बात बच्चों के भविष्य की हो, तो पूरी व्यवस्था एक अभिभावक की तरह साथ खड़ी होती है।

 

पश्चिम बंगाल में माध्यमिक (10वीं बोर्ड) की परीक्षाएं शुरू होने के साथ ही मेदिनीपुर नगर पालिका और स्थानीय प्रशासन ने छात्रों की सुविधा और सुरक्षा के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुँचने में कोई असुविधा न हो और वे शांतिपूर्ण वातावरण में अपनी परीक्षा दे सकें।

ध्वनि प्रदूषण पर सख्त रोक:

नगर पालिका ने परीक्षा के दौरान लाउडस्पीकर और माइक बजाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। मेदिनीपुर नगर पालिका के चेयरमैन सौमेन खान ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि कोई डेकोरेटर या व्यक्ति नियमों का उल्लंघन कर माइक किराए पर देता है या बजाता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

मुफ्त परिवहन सेवा (फ्री टोटो सर्विस):

परीक्षार्थियों की मदद के लिए शहर के प्रमुख स्थानों, जैसे एलआईसी (LIC) मोड़ पर विशेष ‘टोटो’ (ई-रिक्शा) तैनात किए गए हैं। INTTUC की ओर से शुरू की गई यह सेवा पूरी तरह निशुल्क है। एडमिट कार्ड दिखाकर छात्र इन टोटो के जरिए अपने परीक्षा केंद्रों तक बिना किसी खर्च के पहुँच सकते हैं। इसके अतिरिक्त, जिला बस परिवहन संगठनों ने भी घोषणा की है कि एडमिट कार्ड दिखाने पर परीक्षार्थियों से बस का किराया नहीं लिया जाएगा।

यातायात प्रबंधन और नो-पार्किंग जोन:

परीक्षा के दौरान शहर में जाम की स्थिति न बने, इसके लिए पुलिस प्रशासन ने विशेष गाइडलाइंस जारी की हैं:

परीक्षा केंद्रों के आसपास किसी भी तरह की अस्थायी दुकान या बाजार लगाने पर रोक है।

शहर की मुख्य सड़कों और रिंग रोड पर पार्किंग वर्जित कर दी गई है।

परीक्षा के समय शहर के भीतर भारी वाहनों के प्रवेश पर पाबंदी रहेगी।

सुरक्षा और अन्य इंतजाम:

जिला विद्यालय निरीक्षक (DI) अमित राय के अनुसार, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं:

प्रत्येक परीक्षा केंद्र के मुख्य द्वार और स्ट्रॉन्ग रूम में सीसीटीवी (CCTV) कैमरे लगाए गए हैं।

केंद्रों पर पीने के पानी और पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था की गई है।

हाथियों के विचरण वाले क्षेत्रों (Elephant Corridors) में परीक्षार्थियों की सुरक्षा के लिए वन विभाग की टीम उन्हें एस्कॉर्ट कर केंद्र तक पहुँचाएगी।

परीक्षार्थियों की संख्या में वृद्धि:

आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष पश्चिम मेदिनीपुर जिले में परीक्षार्थियों की संख्या में बढ़ोतरी देखी गई है। पिछले वर्ष जहाँ लगभग 53,196 छात्र परीक्षा में बैठे थे, वहीं इस वर्ष यह संख्या बढ़कर लगभग 56,000 से अधिक हो गई है। प्रशासन ने सभी परीक्षार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए किसी भी समस्या की स्थिति में तुरंत स्थानीय पुलिस से संपर्क करने की सलाह दी है।

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बंगाल की पहली बुलेट ट्रेन: सिलीगुड़ी से वाराणसी चलेगी https://www.kgpnews.in/2026/02/rs-14205-crores-have-been-alloted-for-the-state-of-west-bengal-for-rly-projects.html https://www.kgpnews.in/2026/02/rs-14205-crores-have-been-alloted-for-the-state-of-west-bengal-for-rly-projects.html#respond Mon, 02 Feb 2026 17:17:54 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38778

Rs. 2,78,000 करोड़ के बड़े यूनियन बजट एलोकेशन से मज़बूत होकर, रेलवे सुरक्षा उपायों, माल ढुलाई के काम और हाई-स्पीड कनेक्टिविटी में इन्वेस्टमेंट को प्राथमिकता दे रहा है। 2026-27 में पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा में रेलवे के लिए बजट ग्रांट में काफ़ी बढ़ोतरी हुई है। नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए एक प्रेस मीट को संबोधित करते हुए, माननीय रेल मंत्री, श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि रेलवे से जुड़े यूनियन बजट (2026-27) में बड़ा एलोकेशन किया गया है।

इस यूनियन बजट में, पश्चिम बंगाल राज्य के लिए Rs. 14,205 करोड़ का एलोकेशन किया गया है, जो 2009-2014 के दौरान किए गए Rs. 4380 करोड़ के एलोकेशन से तीन गुना ज़्यादा है। पश्चिम बंगाल में 101 स्टेशनों को अमृत स्टेशनों के तौर पर रीडेवलप किया जा रहा है। पश्चिम बंगाल में अभी लगभग Rs. 92,974 Cr के काम चल रहे हैं। इस बड़े इन्वेस्टमेंट में पूरे राज्य में ट्रैक बनाना, स्टेशन रीडेवलपमेंट और सुरक्षा बढ़ाना शामिल है। राज्य में वर्तमान में वंदे भारत ट्रेनों की 09 जोड़ी चल रही हैं। वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस: ​​1 जोड़ी सेवाएं वर्तमान में चालू हैं। राज्य में अमृत भारत एक्सप्रेस सेवाओं की 11 जोड़ी वर्तमान में चालू हैं।

पिछले 10 वर्षों में लगभग 1400 किलोमीटर नई रेलवे पटरियां बिछाई गईं। राज्य ने 2014 से 1,712 किलोमीटर रेल लाइनों के विद्युतीकरण के साथ 100% विद्युतीकरण हासिल किया है। पिछले 11 वर्षों के दौरान 523 फ्लाईओवर और अंडरपास का निर्माण। पश्चिम बंगाल राज्य में कवच की स्थापना के लिए कुल 3200 रूट किमी मंजूर किए गए हैं। इस साल के बजट में 7 नए हाई-स्पीड कॉरिडोर की घोषणा की गई थी। पश्चिम बंगाल को वाराणसी से सिलीगुड़ी तक नए प्रस्तावित हाई-स्पीड कॉरिडोर के लिए अपनी पहली बुलेट ट्रेन मिलेगी। दानकुनी से सूरत तक एक नया फ्रेट कॉरिडोर पश्चिम बंगाल, ओडिशा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात को कवर करते हुए निर्बाध रसद और माल ढुलाई सुनिश्चित करेगा। पिछले 11 सालों में कोलकाता मेट्रो के लिए 45 km नए ट्रैक बिछाए गए।

DRM खड़गपुर, श्री ललित मोहन पांडे ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान मौजूद प्रेस और मीडिया के लोगों को बजट ग्रांट और खड़गपुर डिवीजन में चल रहे अलग-अलग डेवलपमेंट कामों के बारे में जानकारी दी। मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए, DRM खड़गपुर ने बताया कि 3 नई लाइनें बिछाने के रेलवे प्रोजेक्ट: कांथी-एगरा नई लाइन, नंदकुमार-बलाईपांडा नई लाइन, और नंदीग्राम-कंदियामारी नई लाइन को रेलवे बोर्ड ने डीफ्रॉस्ट कर दिया है और काम बहुत जल्द शुरू हो जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि डिवीजन डिवीजन से गुजरने वाली सबअर्बन और एक्सप्रेस ट्रेनों की पंक्चुएलिटी पर करीब से नज़र रख रहा है और ट्रेन सर्विस को समय पर चलाने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने चल रहे कामों की स्थिति और दूसरे मामलों के बारे में मीडिया वालों के उठाए गए अलग-अलग सवालों के भी जवाब दिए।

 

RECORD BUDGET ALLOCATION FOR RAILWAYS (2026-27) INCLUDING WEST BENGAL, JHARKHAND AND ODISHA

 

Empowered by a significant Union Budget allocation of Rs. 2,78,000 crores, the Railways is prioritizing investments in safety measures, freight operations, and high-speed connectivity. There has been a remarkable increase in Budget Grant for Railways in West Bengal, Jharkhand and Odisha in 2026-27. Addressing a press meet through video conferencing from New Delhi, Hon’ble Railway Minister, Shri Ashwini Vaishnaw said that there has been a big allocation in the Union Budget (2026-27) pertaining to Railways.

In this union budget, an allocation of Rs. 14,205 crores have been made for the state of West Bengal, which is three times more than the allocation of Rs. 4380 crores made during 2009–2014. 101 stations in West Bengal are being redeveloped as Amrit stations. Works of around Rs. 92,974 Cr worth are presently under progress in West Bengal. This massive investment covers track creation, station redevelopment, and safety enhancements across the entire state. 09 pairs of Vande Bharat trains are presently in operation in the state. Vande Bharat Sleeper Express: 1 pair of services currently operational. 11 pairs of Amrit Bharat Express services currently operational in the state.

Approx 1400 Kms of new Railway tracks were laid in the last 10 years. The state has achieved 100% electrification, with 1,712 km of rail lines electrified since 2014. Construction of 523 flyovers and underpasses during the last 11 years. Total 3200 Route KM has been sanctioned for installation of Kavach in the state of West Bengal. 7 new high-speed corridors were announced in this year’s budget. West Bengal will get its first Bullet train for the newly proposed High-speed corridor from Varanasi to Siliguri.  A new freight corridor from Dankuni to Surat will ensure seamless logistics and freight movement covering West Bengal, Odisha, Chhattisgarh, Madhya Pradesh, Maharashtra and Gujarat. 45 Kms of new tracks were laid for the Kolkata metro in last 11 years.

DRM Kharagpur, Shri Lalit Mohan Pandey briefed the members of the press and media present during the Video conferencing about the budgetary grant and various ongoing development works in Kharagpur Division. Addressing to the media queries, DRM Kharagpur mentioned that Railway projects for laying of 3 new lines: Kanthi-Egra new line, Nandakumar-Balaipanda New Line, and Nandigram-Kandiamari New line has been defreezed by the Railway board and work will commence very soon. He also mentioned that the division is closely monitoring the punctuality of Suburban and Express trains plying over the division and all measures are being taken to operate the train services on time. He also replied to various queries raised by the media persons regarding status of the undergoing works and other issues.

 

For the state of Odisha, an allocation of Rs. 10,928 crores have been made in this year budget as compared to the allocation of Rs. 838 crores made during 2009–2014. 59 stations in Odisha are being redeveloped as Amrit stations. Total work worth 90,659 Cr under progress for infrastructure transformation in the state of Odisha. This massive investment covers track creation, station redevelopment, and safety enhancements across the entire state. Travel efficiency in the state has reached new heights with the expansion of premium train services, 6 pairs of Vande Bharat Express and 6 pairs of Amrit Bharat Express services are currently operational in the state. Since 2014, approximately 2,200 km of tracks have been constructed. The state has achieved 100% electrification, with 1,559 km of rail lines electrified since 2014. Sanctions has already been granted for installation of Kavach technology for 2922 Kms of railway tracks in the state. Construction of 632 flyovers and underpasses during the last 11 years. AI based thermal cameras, and optical fibre technologies will be implemented to ensure safe movement of elephants and cattle in the Elephant corridor zones of the state.

For the state of Jharkhand, an allocation of Rs. 7,536 crores have been made, which is 16 times more than the allocation of Rs. 457 crores made during 2009–2014. 57 stations in Jharkhand are being redeveloped as Amrit stations. Total work worth 63,470 Cr under progress for infrastructure transformation in the state of Jharkhand. This massive investment covers track creation, station redevelopment, and safety enhancements across the entire state. Travel efficiency in the state has reached new heights with the expansion of premium train services, 12 pairs of Vande Bharat Express and 4 pairs of Amrit Bharat Express services are currently operational in the state. The state has achieved 100% electrification, with 946 km of rail lines electrified since 2014. Sanctions have already been granted for installation of Kavach technology for 1907 Kms of railway tracks in the state. Since 2014, approximately 1,400 km of tracks have been constructed. This is more than the entire rail network of UAE. Construction of 486 flyovers and underpasses during the last 11 years in the state.

 

 

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उत्तर प्रदेश की लापता किशोरी पश्चिम बंगाल के मेदिनीपुर स्टेशन पर झुलसी हालत में मिली, आरपीएफ ने बचाई जान https://www.kgpnews.in/2026/02/up-minor-girl-sent-to-home-after-primary-treatment.html https://www.kgpnews.in/2026/02/up-minor-girl-sent-to-home-after-primary-treatment.html#respond Mon, 02 Feb 2026 14:44:11 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38769

पश्चिम बंगाल के मेदिनीपुर रेलवे स्टेशन पर रविवार सुबह मानवता की एक मिसाल देखने को मिली। उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले से लापता एक 15 वर्षीय किशोरी अत्यंत दयनीय और घायल अवस्था में स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 2 पर घूमती हुई पाई गई। किशोरी का चेहरा और शरीर के कई हिस्से गंभीर रूप से जले हुए थे, जिसके कारण यात्री उससे दूर भाग रहे थे।

आरपीएफ कर्मी की तत्परता:

ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ कर्मी दीपक घोष की नजर जब इस बेसहारा लड़की पर पड़ी, तो उन्होंने तुरंत कदम उठाया। उन्होंने देखा कि लड़की दर्द से कराह रही थी और उसके घावों से दुर्गंध आ रही थी। दीपक घोष ने अपने सहकर्मियों की मदद से उसे सुरक्षित स्थान पर पहुँचाया और मानवीय आधार पर उसकी सहायता की।

अस्पताल में शुरुआती आनाकानी:

आरपीएफ कर्मी घायल किशोरी को तुरंत मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज ले गए। बताया जा रहा है कि शुरुआत में पहचान पत्र न होने के कारण डॉक्टरों ने इलाज करने में हिचकिचाहट दिखाई, लेकिन दीपक घोष के कड़े प्रयास और हस्तक्षेप के बाद किशोरी का प्राथमिक उपचार शुरू किया गया।

घर में प्रताड़ना का संदेह:

किशोरी की पहचान उत्तर प्रदेश के जौनपुर निवासी आरती बिन के रूप में हुई है। उसने बहुत मुश्किल से बताया कि वह अपने घर में हो रहे अत्याचार और प्रताड़ना से तंग आकर भाग आई है। हालांकि, वह यह नहीं बता सकी कि वह बंगाल कैसे पहुँची और उसे ये जलने के निशान कैसे आए। डॉक्टरों के अनुसार, उसके शरीर पर जख्म करीब एक महीने पुराने हैं, जो संक्रमण का रूप ले चुके थे।

आरपीएफ कर्मी की बेटी ने की मदद:

अस्पताल से प्राथमिक उपचार के बाद, दीपक घोष उसे आरपीएफ पोस्ट ले आए। उन्होंने अपनी बेटी को बुलाकर किशोरी को नहलाया, उसके घाव साफ करवाए और उसे नए कपड़े पहनाए। इस नेक पहल की स्थानीय लोगों और चाइल्ड हेल्पलाइन के अधिकारियों ने जमकर सराहना की है।

सरकारी होम में मिली शरण:

चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) के माध्यम से किशोरी को फिलहाल रांगामाटी स्थित सरकारी होम ‘विद्यासागर बालिका भवन’ में रखा गया है। जिला बाल संरक्षण अधिकारी संदीप दास ने बताया कि सोमवार को कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उसे होम में रखने की व्यवस्था की जाएगी और बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जाएगा। पुलिस अब इस मामले की जांच कर रही है कि किशोरी के साथ यूपी में क्या हुआ था और वह किन परिस्थितियों में बंगाल पहुँची।

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मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज में महिला मरीज की मौत, नर्सों पर मारपीट का आरोप, परिजनों ने दर्ज कराई शिकायत https://www.kgpnews.in/2026/02/chaos-in-medinipur-medical-college-on-patient-death-issue-due-to-negligence.html https://www.kgpnews.in/2026/02/chaos-in-medinipur-medical-college-on-patient-death-issue-due-to-negligence.html#respond Mon, 02 Feb 2026 14:13:36 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38765

पश्चिम बंगाल के मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में एक महिला मरीज की मौत के बाद अस्पताल परिसर में तनाव फैल गया। मृतका के परिजनों ने अस्पताल की नर्सों पर इलाज के दौरान मरीज के साथ मारपीट और दुर्व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में अस्पताल प्रबंधन को लिखित शिकायत सौंपी गई है।

क्या है पूरा मामला?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, मेदिनीपुर शहर के वार्ड नंबर 2 की निवासी 26 वर्षीय बैसाखी खान को अग्न्याशय (pancreas) में सूजन की समस्या के कारण कुछ दिन पहले अस्पताल में भर्ती कराया गया था। हालत गंभीर होने पर उन्हें क्रिटिकल केयर यूनिट (CCU) में स्थानांतरित किया गया था। रविवार तड़के इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई।

परिजनों के आरोप:

मृतका के पति अजीजुल खान और अन्य परिजनों का आरोप है कि शनिवार को जब बैसाखी का इलाज चल रहा था, तब ड्यूटी पर मौजूद नर्सों ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया। परिजनों का दावा है कि नर्सों ने बीमार महिला को थप्पड़ मारा। जब परिवार के सदस्यों ने इसका विरोध करना चाहा, तो उनके साथ भी कथित तौर पर बुरा बर्ताव किया गया।

अजीजुल खान ने कहा, “मेरा छोटा बच्चा घर पर है, इसलिए मैंने डॉक्टरों से उसे जल्दी ठीक करने की गुहार लगाई थी। हमें डॉक्टरों से कोई शिकायत नहीं है, लेकिन नर्सों का यह व्यवहार अस्वीकार्य है। एक बीमार मरीज को पीटा क्यों गया, हमें इसका जवाब चाहिए।”

अस्पताल प्रशासन का पक्ष:

इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए मेदिनीपुर मेडिकल कॉलेज के अधीक्षक डॉ. इंद्रनील सेन ने कहा कि नर्सों की मरीजों के साथ कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं होती। उन्होंने स्पष्ट किया कि कई बार गंभीर स्थिति में मरीज बेकाबू या हिंसक हो जाते हैं, ऐसी स्थिति में उन्हें शांत करने या दवा देने के लिए हल्की ताकत का प्रयोग करना पड़ता है ताकि उन्हें कोई चोट न लगे। उन्होंने मारपीट के आरोपों को नकारते हुए कहा कि मामले की जांच की जा रही है।

फिलहाल, पुलिस और अस्पताल अधिकारी स्थिति पर नजर रखे हुए हैं और लिखित शिकायत के आधार पर मामले की छानबीन जारी है।

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बजट 2026: मध्यम वर्ग को बड़ी राहत, ₹12 लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं; इन्फ्रास्ट्रक्चर और रेलवे के लिए खुले खजाने https://www.kgpnews.in/2026/02/seven-high-speed-corrdor-announced-including-varanasi-siliguri.html https://www.kgpnews.in/2026/02/seven-high-speed-corrdor-announced-including-varanasi-siliguri.html#respond Sun, 01 Feb 2026 07:17:09 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38758

1 फरवरी, 2026 केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज संसद में मोदी सरकार का एक और ऐतिहासिक बजट पेश किया। ‘विकसित भारत’ के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए इस बजट में मध्यम वर्ग, रेलवे और आधुनिक तकनीक पर विशेष ध्यान दिया गया है।

आयकर में बड़ी छूट: मध्यम वर्ग की बल्ले-बल्ले

बजट 2026 की सबसे बड़ी घोषणा इनकम टैक्स को लेकर रही। नई टैक्स व्यवस्था (New Tax Regime) के तहत अब ₹12 लाख तक की वार्षिक आय वाले व्यक्तियों को कोई टैक्स नहीं देना होगा। इसके अलावा, वेतनभोगी कर्मचारियों के लिए स्टैंडर्ड डिडक्शन को बढ़ाकर ₹75,000 पर बरकरार रखा गया है, जिससे प्रभावी टैक्स छूट सीमा ₹12.75 लाख तक पहुँच जाती है।

रेलवे और इन्फ्रास्ट्रक्चर: 7 नए हाई-स्पीड कॉरिडोर

भारतीय रेलवे के लिए वित्त मंत्री ने रिकॉर्ड आवंटन किया है। सरकार ने 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर बनाने की घोषणा की है, जिसमें दिल्ली-वाराणसी मार्ग प्रमुख है। इसके साथ ही, देश में परिवहन और लॉजिस्टिक्स को सस्ता बनाने के लिए अगले 5 वर्षों में 20 नए जलमार्ग (Waterways) शुरू किए जाएंगे।

सेमीकंडक्टर और ‘बायो-फार्मा शक्ति’ मिशन

भारत को ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने के लिए इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0 का ऐलान किया गया है, जिसके लिए ₹40,000 करोड़ आवंटित किए गए हैं। स्वास्थ्य क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छूने के लिए ‘बायो-फार्मा शक्ति’ योजना शुरू की गई है, जिसके तहत 3 नए संस्थान और जिला अस्पतालों में आपातकालीन सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा।

MSME और युवाओं के लिए सौगात

छोटे उद्योगों (MSME) को बढ़ावा देने के लिए ₹10,000 करोड़ का नया फंड बनाया गया है। युवाओं के लिए ‘शिक्षा से रोजगार’ समिति का गठन किया गया है, जो सीधे कौशल विकास और नौकरी दिलाने पर काम करेगी।

बजट की 5 मुख्य बातें:

टैक्स फ्री आय: ₹12 लाख तक की सालाना कमाई पर अब जीरो टैक्स।

सेमीकंडक्टर: ₹40,000 करोड़ के निवेश के साथ भारत बनेगा ग्लोबल चिप मेकर।

बुजुर्गों को राहत: वरिष्ठ नागरिकों के लिए टैक्स कटौती की सीमा बढ़ाकर ₹1 लाख की गई।

जलमार्ग विकास: ओडिशा से शुरू होंगे नए वॉटरवे प्रोजेक्ट्स।

डिजिटल इंडिया: रेहड़ी-पटरी वालों के लिए ₹30,000 की सीमा वाला UPI-लिंक्ड क्रेडिट कार्ड।

वित्त मंत्री का संदेश: “यह बजट केवल आंकड़ों का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों के कर्तव्यों और सपनों का प्रतिबिंब है।”

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खड़गपुर नगरपालिका में नागरिक सेवाओं के लिए नए enquiry अधिकारियों की नियुक्ति, प्रशासन ने जारी किया आदेश https://www.kgpnews.in/2026/02/enquiry-officer-appointed-for-kgp-municipality-all-ward.html https://www.kgpnews.in/2026/02/enquiry-officer-appointed-for-kgp-municipality-all-ward.html#respond Sun, 01 Feb 2026 06:53:57 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38731

खड़गपुर नगरपालिका ने आम जनता को दी जाने वाली प्रशासनिक सेवाओं में तेजी लाने और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। नगरपालिका के कार्यकारी अधिकारी (Executive Officer) द्वारा जारी ताजा आदेश (Memo No. 04/EO/2026/ORDER) के अनुसार, विभिन्न वार्डों के लिए नए ‘जांच अधिकारी’ (Enquiry Officers) नियुक्त किए गए हैं।

 

इन प्रमाणपत्रों के लिए होगी जांच

नगरपालिका द्वारा जारी आदेश के मुताबिक, ये अधिकारी निम्नलिखित प्रमाणपत्रों के जारी होने से पूर्व आवश्यक जांच और सत्यापन का कार्य करेंगे:

आवासीय प्रमाणपत्र (Residential Certificate)

आय प्रमाणपत्र (Income Certificate)

अविवाहित/विधवा/तलाकशुदा प्रमाणपत्र

कानूनी उत्तराधिकारी प्रमाणपत्र (Legal Heir Certificate)

जाति प्रमाणपत्र (Caste Certificate) एवं अन्य संबंधित दस्तावेज।

प्रमुख नियुक्तियां और जिम्मेदारी

प्रशासनिक कार्यों के सुचारू संचालन के लिए श्री उदय शंकर चक्रवर्ती (UDC) को ‘कोऑर्डिनेटिंग ऑफिसर’ (Coordinating Officer) नियुक्त किया गया है। साथ ही, कार्यकारी अधिकारी की अनुपस्थिति में जाति प्रमाणपत्र और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने के लिए श्रीमती हेमलता राव (OS) को अधिकृत किया गया है।

वार्ड के अनुसार आवंटित अधिकारी

जनता की सुविधा के लिए अधिकारियों को वार्ड के आधार पर बांटा गया है। सूची के कुछ प्रमुख नाम इस प्रकार हैं:

1 देबजीत सरकार (हेड क्लर्क)

2 मो. मूसा (क्लर्क )

3 उदय शंकर चक्रवर्ती (UDC)

4 भोला चौधरी (क्लर्क)

5 बिनोद बिसाई (Gr-D)

कुल 13 अधिकारियों को 35 वार्डों की जिम्मेदारी सौंपी गई है)

जनहित में लिया गया फैसला

नगरपालिका प्रशासन का कहना है कि यह आदेश जनसेवा के हित में और सक्षम प्राधिकारी के अनुमोदन के बाद जारी किया गया है। इस नई व्यवस्था से स्थानीय निवासियों को अपने प्रमाणपत्र बनवाने के लिए अब लंबी प्रतीक्षा नहीं करनी होगी और वार्ड स्तर पर ही जांच प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी।

यह आदेश 27 जनवरी 2026 से प्रभावी माना गया है और इसकी प्रतियां संबंधित विभागों और अधिकारियों को अनुपालन के लिए भेज दी गई हैं।

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UP से लापता नाबालिग लड़की घाटशिला से बरामद https://www.kgpnews.in/2026/01/rpf-ghatsila-rescues-missing-minor-girl-and-reunites-her-with-family.html https://www.kgpnews.in/2026/01/rpf-ghatsila-rescues-missing-minor-girl-and-reunites-her-with-family.html#respond Sat, 31 Jan 2026 19:46:23 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38748

RPF घाटशिला ने लापता नाबालिग लड़की को बचाया और उसे उसके परिवार से मिलवाया
खड़गपुर, 30 जनवरी 2026:
28.01.2026 को, घाटशिला रेलवे स्टेशन पर रूटीन पेट्रोलिंग और चेकिंग ड्यूटी के दौरान, रेलवे प्रोटेक्शन फ़ोर्स (RPF) के जवानों ने देखा कि एक नाबालिग लड़की ट्रेन नंबर 12871 से लगभग 14:44 बजे उतरने के बाद प्लेटफ़ॉर्म नंबर 02 पर बिना किसी मकसद के घूम रही थी। लड़की कन्फ्यूज़ और मानसिक रूप से परेशान लग रही थी।
प्यार से पूछने पर, लड़की ने अपनी पहचान उत्तर प्रदेश की रहने वाली के तौर पर बताई। वह ठीक-ठाक जानकारी नहीं दे पाई, लेकिन उसने अपने भाई का एक मोबाइल नंबर बताया।
उस नंबर पर संपर्क करने पर पता चला कि लड़की 24.01.2026 से लापता थी, और उसके लापता होने के बारे में खेतासराय पुलिस स्टेशन, ज़िला जौनपुर (U.P.) में पहले ही FIR दर्ज हो चुकी थी। मामले की जानकारी तुरंत संबंधित लोकल पुलिस स्टेशन को दी गई। बचाई गई लड़की को फिर सुरक्षित रूप से RPF पोस्ट, घाटशिला लाया गया, जहाँ उसे सही देखभाल, खाना और पानी दिया गया, और GRP और स्टेशन अधिकारियों को सही जानकारी देकर उसे सुरक्षित हिरासत में रखा गया।
29.01.2026 को, खेतासराय पुलिस स्टेशन के अधिकारी, लड़की के परिवार वालों के साथ, RPF पोस्ट घाटशिला पहुँचे। उन्होंने खेतासराय पुलिस स्टेशन में रजिस्टर्ड ज़रूरी डॉक्यूमेंट्स दिखाए।
सही वेरिफिकेशन और सभी कानूनी फॉर्मैलिटीज़ पूरी करने के बाद, बचाई गई नाबालिग लड़की को गवाहों और उसके परिवार वालों की मौजूदगी में, सही रसीद और फोटोग्राफिक डॉक्यूमेंट्स के साथ लोकल पुलिस अथॉरिटी को सौंप दिया गया।
परिवार ने नाबालिग को सुरक्षित रूप से बचाने और उसके परिवार से मिलाने में रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स की तुरंत कार्रवाई और इंसानियत भरे तरीके के लिए दिल से शुक्रिया अदा किया।
RPF यात्रियों की सुरक्षा पक्का करने के लिए पूरी तरह तैयार है और मुश्किल में फंसे लोगों की मदद करने के लिए अपनी पूरी कोशिशें जारी रखे हुए है।

RPF Ghatsila Rescues Missing Minor Girl and Reunites Her with Family

Kharagpur, 30th January 2026:

On 28.01.2026, during routine patrolling and checking duty at Ghatsila Railway Station, Railway Protection Force (RPF) personnel noticed a minor girl wandering aimlessly on Platform No. 02 after alighting from Train No. 12871 at about 14:44 hrs. The girl appeared confused and mentally distressed.

On being politely enquired, the girl disclosed her identity as resident of Uttar Pradesh. She was unable to provide satisfactory details but shared a mobile number of her brother.

On contacting the said number, it was revealed that the girl had been missing since 24.01.2026, and an FIR had already been lodged at Khetasarai Police Station, District Jaunpur (U.P.) regarding her disappearance. The matter was immediately intimated to the concerned local police station.

The rescued girl was then brought safely to RPF Post, Ghatsila, where she was provided proper care, food and water, and kept under safe custody with due intimation to GRP and Station authorities.

On 29.01.2026, officials from Khetasarai Police Station, along with the family members of the girl, arrived at RPF Post Ghatsila. They produced necessary documents, registered at Khetasarai Police Station.

After due verification and following all legal formalities, the rescued minor girl was handed over to the local police authority in the presence of witnesses and her family members, with proper acknowledgement and photographic documentation.

The family expressed their heartfelt gratitude to the Railway Protection Force for their prompt action and humane approach in safely rescuing and reuniting the minor with her family.

RPF remains committed to ensuring the safety and security of passengers and continues its vigilant efforts to assist those in distress.

 

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ट्रेन के अंदर टोकरी में मिले दो विशाल अजगर, मची अफरा-तफरी https://www.kgpnews.in/2026/01/two-python-recovered-from-train.html https://www.kgpnews.in/2026/01/two-python-recovered-from-train.html#respond Sat, 31 Jan 2026 13:30:15 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38738

पश्चिम मेदिनीपुर जिले के अंतर्गत खड़गपुर डिवीजन के बेलदा स्टेशन पर उस समय हड़कंप मच गया, जब एक ट्रेन के भीतर से दो विशाल अजगर सांप बरामद किए गए। यह घटना गुरुवार को खड़गपुर-जाजपुर एक्सप्रेस ट्रेन में हुई।

जानकारी के अनुसार, राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) के जवान जब नियमित जांच कर रहे थे, तो उन्हें लावारिस हालत में बांस की दो टोकरियाँ (झापी) मिलीं। संदेह होने पर जब उन्हें खोला गया, तो पुलिसकर्मी दंग रह गए—दोनों टोकरियों में एक-एक विशाल अजगर बंद था।

GRP ने तुरंत इसकी सूचना वन विभाग को दी। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इन सांपों को ट्रेन में किसने और किस मकसद से रखा था। वन विभाग के अधिकारियों ने सांपों को अपने कब्जे में ले लिया है और GRP मामले की जांच कर रही है।

केशियरि में 8 अप्रैल से सजेगा ‘लोक संस्कृति उत्सव 2026’ का मेला

केशियरि: बंगाल की समृद्ध ग्रामीण परंपरा और लोक संस्कृति के संगम का गवाह बनने के लिए केशियरि एक बार फिर तैयार है। आगामी 8 अप्रैल 2026 से केशियरि के प्रसिद्ध विमलेश्वर मैदान में ‘केशियरि मेला एवं लोक संस्कृति उत्सव’ का भव्य आयोजन होने जा रहा है।

इस उत्सव का मुख्य उद्देश्य लुप्त हो रही लोक कलाओं और संस्कृति को पुनर्जीवित करना है। आयोजन समिति के अनुसार, मेले में स्थानीय लोक गीतों की गूँज, पारंपरिक हस्तशिल्प के स्टाल और बंगाल की मिट्टी की सोंधी महक देखने को मिलेगी।

‘केशियरि मेला एवं लोक संस्कृति उत्सव समिति’ ने सभी कला प्रेमियों और स्थानीय निवासियों को सपरिवार इस सांस्कृतिक महाकुंभ में शामिल होने का निमंत्रण दिया है। अगर आप बंगाल की जड़ों से जुड़ना चाहते हैं, तो 8 अप्रैल से विमलेश्वर मैदान पहुंचना न भूलें।

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खड़गपुर नगरपालिका बोर्ड को भंग करने के खिलाफ कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका, अगली सुनवाई बुधवार को https://www.kgpnews.in/2026/01/opposition-councillors-moves-to-hc-on-municipality-dissolve-issue.html https://www.kgpnews.in/2026/01/opposition-councillors-moves-to-hc-on-municipality-dissolve-issue.html#respond Fri, 30 Jan 2026 14:12:59 +0000 https://www.kgpnews.in/?p=38714

खड़गपुर नगर पालिका में चल रही राजनीतिक उठापटक अब कानूनी गलियारों तक पहुँच गई है। राज्य के नगर विकास एवं शहरी विकास विभाग द्वारा खड़गपुर नगरपालिका बोर्ड को भंग करने के निर्णय को चुनौती देते हुए विपक्षी पार्षदों ने कलकत्ता उच्च न्यायालय में मामला दर्ज कराया है।

मुख्य घटनाक्रम
राज्य सरकार ने 21 जनवरी को एक आदेश जारी कर खड़गपुर नगरपालिका बोर्ड को बर्खास्त कर दिया था। विभाग का तर्क है कि बोर्ड नागरिक सेवाएं प्रदान करने में पूरी तरह विफल रहा है। इस आदेश के बाद, खड़गपुर की अनुमंडल अधिकारी (SDM) सुरभि सिंगला को नगरपालिका का नया प्रशासक नियुक्त किया गया है, जिन्होंने 27 जनवरी को अपना कार्यभार संभाल लिया।

विपक्षी दलों का रुख
राज्य सरकार के इस कदम के खिलाफ भाजपा, कांग्रेस और माकपा (CPM) के पार्षदों ने एकजुट होकर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। वरिष्ठ अधिवक्ता बिश्वदल भट्टाचार्य विपक्ष की ओर से इस मामले की पैरवी कर रहे हैं। विपक्ष के मुख्य तर्क इस प्रकार हैं:
असफलता का बोझ विपक्ष पर क्यों?: पार्षदों का कहना है कि नगरपालिका बोर्ड का संचालन तृणमूल कांग्रेस के हाथ में था। यदि बोर्ड विफल रहा, तो इसकी जिम्मेदारी निर्वाचित विपक्षी पार्षदों पर क्यों थोपी जा रही है और उनके अधिकार क्यों छीने जा रहे हैं?
अधूरी प्रक्रिया: विपक्षी खेमे का आरोप है कि बोर्ड को भंग करने से पहले जो ‘कारण बताओ’ (Showcause) नोटिस जारी किया गया था, उसका जवाब देने की प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं थी। तत्कालीन चेयरपर्सन कल्याणी घोष को यह स्पष्ट करना चाहिए था कि शिकायतकर्ता कौन थे।

कोर्ट की कार्यवाही
28 जनवरी को यह मामला न्यायमूर्ति राजा बसु चौधरी की अदालत में सुनवाई के लिए आया। सरकारी अधिवक्ताओं ने मामले से जुड़े दस्तावेज जुटाने के लिए अदालत से समय मांगा। अदालत ने सरकारी पक्ष को 7 दिनों का समय देते हुए अगली सुनवाई की तारीख 4 फरवरी तय की है।

“बोर्ड को भंग करना एकतरफा निर्णय है। नए बोर्ड के गठन के लिए कोई समय नहीं दिया गया, जिससे शहर की सामान्य जनता को नागरिक सेवाएं मिलने में कठिनाई होगी।” — पूर्व विपक्षी पार्षद  का बयान
वर्तमान में शहर के राजनीतिक हलकों की निगाहें हाईकोर्ट के अंतिम फैसले पर टिकी हैं, जो खड़गपुर के स्थानीय प्रशासन का भविष्य तय करेगा।

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