Latest News

शक्ति मंदिर की ओर से रक्तदान शिविर का आयोजन, 45 युनिट रक्त संग्रहित

July 22, 2024

  शक्ति मंदिर की ओर से रक्तदान शिविर का आयोजन किय़ा गया....

गायत्री परिवार ट्रस्ट खड़गपुर द्वारा गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष्य पर गायत्री महायज्ञ का आयोजन

July 21, 2024

गायत्री परिवार ट्रस्ट खड़गपुर द्वारा गुरु पूर्णिमा के उपलक्ष पर गायत्री महायज्ञ....

श्रावणी मेला के लिए महादेवशाल में ट्रेनों का अस्थायी ठहराव,

July 21, 2024

  श्रावणी मेला के लिए महादेवशाल में ट्रेनों का ठहराव कोलकाता, 21....

भगवान जगन्नाथ रथ से मंदिर में विराजे, बुध को रथ में भगवान को स्वर्णवेष में आभूषित किया गया

July 18, 2024

खड़गपुर, गुरुवार की रात नीलाद्रीबिजे के साथ रथ यात्रा का समापन हुआ।....

रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने पिछले 7 वर्षों के दौरान ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के तहत 84,119 बच्चों को बचाया

July 18, 2024

    रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने पिछले 7 वर्षों के दौरान ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते‘ के तहत 84,119 बच्चों को बचाया   पिछले सात वर्षों में, रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ‘नन्हे फरिश्ते’ नामक एक ऑपरेशन में अग्रणी रहा है।   यह एक मिशन जो विभिन्न भारतीय रेलवे जोनों में पीड़ित बच्चों को बचाने के लिए समर्पित है। पिछले सात वर्षों (2018-मई 2024) के दौरान, आरपीएफ ने स्टेशनों और ट्रेनों में खतरे में पड़े या खतरे में पड़ने से 84,119 बच्चों को  बचाया है।   ‘नन्हे फरिश्ते’ सिर्फ एक ऑपरेशन से कहीं अधिक है; यह उन हजारों बच्चों के लिए एक जीवन रेखा है जो खुद को अनिश्चित परिस्थितियों में पाते हैं। 2018 से 2024 तक का डेटा, अटूट समर्पण, अनुकूलनशीलता और संघर्ष क्षमता की कहानी दर्शाता है। प्रत्येक बचाव समाज के सबसे असुरक्षित सदस्यों की सुरक्षा के लिए आरपीएफ की प्रतिबद्धता का एक प्रमाण है। वर्ष 2018 में ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ की महत्वपूर्ण शुरुआत हुई। इस वर्ष, आरपीएफ ने कुल 17,112 पीड़ित बच्चों को बचाया, जिनमें लड़के और लड़कियां दोनों शामिल हैं। बचाए गए 17,112 बच्चों में से 13,187 बच्चों की पहचान भागे हुए बच्चों के रूप में की गई, 2105 लापता पाए गए,....

Previous Next