






मेदिनीपुर: दुर्गा पूजा के समापन के साथ ही भक्तिमय माहौल में मां दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन शुरू हो गया है। इसी क्रम में मेदिनीपुर रामकृष्ण मिशन मठ की दुर्गा प्रतिमा का विसर्जन गांधी घाट पर आधुनिक तकनीक के जरिए बेहद सुचारू और अनुशासित तरीके से संपन्न कराया गया।


पर्यावरण और सुरक्षा के लिए आधुनिक व्यवस्था

नदी को प्रदूषण से बचाने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष विसर्जन के लिए आधुनिक हाइड्रोलिक सिस्टम की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा, पूजा में प्रयुक्त होने वाले फूल और बेलपत्र जैसी पूजन सामग्रियों को सीधे नदी के जल में जाने से रोकने के लिए अलग से विशेष स्थान तय किया गया है, ताकि नदी की स्वच्छता प्रभावित न हो।
भक्ति और परंपरा का सुंदर संगम
विसर्जन प्रक्रिया शुरू होने से पहले घाट पर पारंपरिक रीति-रिवाजों का पालन किया गया। महिलाओं ने नम आंखों से मां को विदाई देते हुए ‘सिंदूर खेला’ की परंपरा निभाई और एक-दूसरे को शुभकामनाएं दीं। इसके साथ ही, विसर्जन संपन्न होने के बाद शांति जल ग्रहण करने के लिए घाट पर भक्तों की उपस्थिति देखी गई।
प्रशासन को उम्मीद है कि इस आधुनिक व सुव्यवस्थित तकनीक के जरिए शहर के अन्य सभी पूजा पंडालों की प्रतिमाओं का विसर्जन भी बिना किसी बाधा के सुरक्षित और सफलतापूर्वक पूरा कर लिया जाएगा।







