





पश्चिम मेदिनीपुर: श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा और उनकी विभिन्न आर्थिक व सामाजिक मांगों को लेकर ‘भारतीय मजदूर संघ’ (BMS) ने 17 अगस्त 2026 को एक विशाल देशव्यापी आंदोलन का आह्वान किया है। यह प्रदर्शन पूरे भारत के सभी जिला मुख्यालयों पर आयोजित किया जाएगा।


पश्चिम मेदिनीपुर जिले में भी इस आंदोलन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार, 17 अगस्त को सुबह 10 बजे विद्यासागर हॉल से इस आंदोलन की शुरुआत होगी। इसके पश्चात संघ का एक प्रतिनिधिमंडल जिला अधिकारी (D.M.) से मुलाकात करेगा और उन्हें 11 सूत्रीय मांगों वाला एक ज्ञापन सौंपेगा।

प्रतिनिधिमंडल के प्रमुख सदस्य:
जिला अधिकारी से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधिमंडल में संगठन के प्रमुख पदाधिकारी शामिल होंगे, जिनमें मुख्य रूप से नाम शामिल हैं:
बिप्लब दे (जिला अध्यक्ष), नब कुमार मन्ना (महासचिव), अंजन बोस (कोषाध्यक्ष), तन्मय मल्लिक (उपाध्यक्ष),पी.के. पात्रा (सचिव),अम्लान माइती (पश्चिम मेदिनीपुर राज्य सरकारी कल्याण संघ)
आंदोलन की प्रमुख 11 मांगें:
भारतीय मजदूर संघ द्वारा जारी किए गए पत्रक के अनुसार, श्रमिकों के हित में उनकी प्रमुख मांगें निम्नलिखित हैं:
न्यूनतम वेतन वृद्धि: राज्य और केंद्रीय स्तर पर न्यूनतम वेतन को बढ़ाकर ₹30,000 प्रति माह किया जाए।
ESI वेतन सीमा: ईएसआई (ESI) के तहत वेतन की ऊपरी सीमा को बढ़ाकर ₹42,000 किया जाए।
EPFO वेतन सीमा: ईपीएफओ (EPFO) के तहत वेतन की ऊपरी सीमा को बढ़ाकर ₹30,000 किया जाए।
मानदेय में वृद्धि: योजना से जुड़े कर्मियों (Scheme Employees) के मानदेय (Honorarium) में वृद्धि की जाए।
ग्रेच्युटी (Gratuity): ग्रेच्युटी की सीमा को बढ़ाकर ₹40 लाख किया जाए।
बैंकिंग सेक्टर में बदलाव: बैंकिंग क्षेत्र में सप्ताह में पांच दिन काम (Five-Day Work Week) का नियम लागू किया जाए।
बोनस सीमा में बदलाव: बोनस की ऊपरी सीमा में वृद्धि की जाए।
बोनस की योग्यता: बोनस प्राप्त करने की योग्यता और मानदंडों में ढील दी जाए।
पेंशन और चिकित्सा: न्यूनतम पेंशन को ₹7,500 प्रति माह किया जाए, साथ ही महंगाई भत्ता और नई चिकित्सा योजना (Medical Scheme) लागू की जाए।
सामाजिक सुरक्षा: असंगठित क्षेत्र के सभी श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा (Social Security Coverage) के दायरे में लाया जाए।
समान काम, समान वेतन: आउटसोर्स (Outsourced) किए गए कर्मचारियों के लिए भी ‘समान काम के लिए समान वेतन’ का नियम सख्ती से लागू किया जाए।
”श्रमिकों के अधिकार की रक्षा हमारा एकमात्र लक्ष्य है” के नारे के साथ भारतीय मजदूर संघ ने जिले के सभी श्रमिकों से संगठित होकर इस राष्ट्रव्यापी संग्राम में शामिल होने की अपील की है।






