





खाड़ी क्षेत्र में तनाव के बीच ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो मालवाहक जहाजों को अपने कब्जे में ले लिया है। रिपोर्टों के अनुसार, इनमें से एक जहाज गुजरात के मुंद्रा या न्हावा शेवा बंदरगाह की ओर आ रहा था।



जब्ती का मुख्य कारण:

ईरानी मीडिया के मुताबिक, इन जहाजों को ‘समुद्र के नियमों का उल्लंघन’ करने के आरोप में पकड़ा गया है। दावा किया जा रहा है कि इनमें से एक जहाज प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से इजरायल से जुड़ा हुआ है। ईरान ने आरोप लगाया है कि जहाज ने अपना नेविगेशन सिस्टम बंद कर दिया था और वह अवैध तरीके से जलक्षेत्र का उपयोग कर रहा था।
भारत के लिए चिंता का विषय:
पकड़े गए जहाजों में से एक, ‘एपानामोंडास’ (EPAMINONDAS), दुबई के जेबेल अली से गुजरात के लिए रवाना हुआ था। इस घटना ने भारतीय निर्यातकों और शिपिंग कंपनियों की चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि हॉर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक तेल व्यापार और माल ढुलाई के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण मार्ग है।
क्षेत्र में बढ़ता तनाव:
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब ईरान और इजरायल के बीच सैन्य और कूटनीतिक तनाव चरम पर है। इससे पहले भी ईरान ने इजरायली हितों से जुड़े जहाजों को निशाना बनाया है। अंतरराष्ट्रीय जानकारों का मानना है कि इस तरह की कार्रवाइयों से वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और व्यापारिक मार्गों पर सुरक्षा का संकट गहरा सकता है।
मुख्य बिंदु:
•स्थान: हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz)।
•कार्रवाई करने वाली इकाई: ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC)।
•गंतव्य: पकड़े गए जहाजों में से एक भारत (गुजरात) की ओर बढ़ रहा था।
•आरोप: समुद्री नियमों का उल्लंघन और इजरायल से संबंध।
वर्तमान में, भारतीय विदेश मंत्रालय और संबंधित विभाग स्थिति पर नजर रख रहे हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि चालक दल में भारतीय सदस्य होने की स्थिति में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।







