आईआईटी खड़गपुर में नौकरी देने के नाम पर बेरोजगार युवकों से लाखो की वसूली, पांच लोग हिरासत में, धरपकड़ जारी, श्यामाप्रसाद मुखर्जी अस्पताल में लैब तकनीशियन, सेक्युरिटी आफिसर बनाने के नाम दिए गए थे फर्जी नियुक्ति पत्र, पीड़ित लोगों में ज्यादातर नार्थ बंगाल के, इंदा के आशीर्वाद लाज में पीड़ितों को कमरे में बंद कर की जा रही थी वसूली

472
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

✍रघुनाथ प्रसाद साहू/ 9434243363

For video click the link

https://youtu.be/IrGeqimxUQE

खड़गपुर, आईआईटी खड़गपुर में नौकरी देने के नाम पर लाखो की वसूली करने के आरोप में पांच आरोपियों को खड़गपुर शहर थाना पुलिस ने हिरासत में ले पूछताछ कर रही है। जानकारी के मुताबिक आईआईटी के नए अस्पताल श्यामाप्रसाद मुखर्जी अस्पताल में लैब तकनीशियन, सेक्युरिटी आफिसर बनाने के नाम फर्जी नियुक्ति पत्र दिए गए थे जिसके बाद वसूली को लेकर पीड़ित पक्ष ने अपने लोगों को बुला लिया जिसके बाद आरोपियों को पुलिस पकड़ कर ले गई।

पता चला है कि पीड़ित लोगों में खड़गपुर के अलावा ज्यादातर नार्थ बंगाल के है। पीड़ित मालदा जिले के रहने वाले उज्जवल बर्मन का कहना है कि आईआईटी में नौकरी देने के नाम पर कुछ युवकों को इंदा के आशीर्वाद लाज में बीते सप्ताह भर से रखा गया था कूचबिहार के शुभाशीष दास उससे 3 लाख रु वसूले गए थे जबकि अलीपुरद्वार के विक्की हजारिया बाकी 6 लोगों से पचास हजार प्रत्येक करके तीन लाख रु वसूले गए थे मंगलवार को उनलोगों को फर्जी नियुक्ति पत्र सौंप कर बाकी लोगों से भी साढ़े चार लाख रु करके और मांगने लगे पीड़ितों ने पैसे देने में असमर्थता व्यक्त की तो उनलोगों को खड़गपुर से बाहर ना जाने देने व जान से मारने की धमकी देने लगे तभी खड़गपुर के पीड़ित ने अपने परिजनों व पंचायत सदस्य रोशन को इसकी जानकारी दी तो रोशन अपने सहयोगी के साथ गए व पुलिस को जानकारी दे दी जिसके बाद पुलिस त्वरित कार्रवाई करते हुए 4-5 लोगों को थाना ले आई जबकि शुभाशीष दास व विक्की हजारिया सहित अन्य भागने में सफल रहे। पीड़ितो का कहना है कि मेडिकल कराने के नाम पर उनलोगों के ओरिजिनल आधार कार्ड, माध्यमिक प्रमाणपत्र व अन्य कागजात आरोपियों ने ले लिए।


भेटियां ग्राम पंचायत के पंचायत सदस्य रोशन लामा का कहना है कि मामले की जांच होनी चाहिए उन्होने बताया कि तालबगीचा के रहने वाले रबि शंकर दास, दीनेश नगर के अभिजीत दास, सागर कुमार राउत व तपन ज्योति मान्ना  व जलपाईगुड़ी के एक  को हिरासत में लिया गया है जबकि चार पांच अन्य फरार है। मिथिंगा को बतौर उस्पताल में लैब तकनीशियन व कौशिक को सुरक्षा अधिकारी की फर्जी नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। मिथिंगा के नियुक्ति पत्र में कहा गाय है कि 6 महीने के प्रोविजनल पीरियड में 11हजार 700 रु मासिक स्टाइपेंड मिलेगा उसके बाद 24 हजार 650 रु मासिक तनख्वाह होगा जिसमें टीए. डीए, हाउस एलाउंस व अन्य एलाउंस शामिल होगा।

चांदमारी अस्पताल के मेडिकल अधिकारी के हस्ताक्षरित फर्जी मेडिकल प्रमाणपत्र व आईआईटी के रजिस्ट्रार तमालनाथ के फर्जी हस्ताक्षरित नियुक्ति पत्र पुलिस ने जब्त किया है। खड़गपुर शहर थाना प्रभारी विश्वरंजन बनर्जी ने बताया कि आईआईटी के फर्जी नियुक्ति का मामला प्रकाश में आय़ा है चार लोगों को हिरासत में लिया गया है व बाकी लोगों की खोज जारी है। पीड़ित लोगो में मालदा, अलीपुरद्वार कूचबिहार व खड़गपुर के आसपास के लोग भी शामिल है नौकरी के लिए लोगों से 500000₹ तक वसूले जा रहे थे।

 

Advertisement
Advertisement

For Sending News, Photos & Any Queries Contact Us by Mobile or Whatsapp - 9434243363 //  Email us - raghusahu0gmail.com