उड़ीसा के कोरापुट जिले का रमाकांत चौधरी निकला कांवड़िया, बेटे को अंतिम संस्कार के लिए सौंपा गया शव, राजमार्ग में सप्ताह भर पहले रक्तरंजित अवस्था में मिला था शव

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रघुनाथ प्रसाद साहू/  9434243363 

खड़गपुर, आखिरकार उड़ीसा के कोरापुट जिले के रमाकांत चौधरील के रुप में कांवड़िया की शिनाख्तीकरण के बाद खड़गपुर ग्रामीण थाना पुलिस ने रमाकांत के बेटे शिवदास को शव अंतिम संस्कार के लिए सौंप दिया। ज्ञात हो क राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 60 में बीते एक सप्ताह पूर्व रक्तरंजित अवस्था में मिला था शव जिसके बाद पुलिस शव का अंत्पयरीक्षण करा शव को मॉर्ग में रख दिया था ताकि शिनाख्तिकरण के बाद शव को घर वालों को सौंपा जा सके। अनुमान है कि अज्ञात वाहन से कुचल जाने से गुरूवार की रात मौत हो गई थी।बंगाल एनर्जी के समीप बरामद की गई थी अभी तक पता नहीं चल पाया है कि कांवड़िया जल लेकर किस शिवालय में जा रहा था ।। आखिर कांवड़िया अकेले थेा या उसके और साथी थे यह पता नहीं चल पाया है सामान्यतः कांवड़िया ग्रुप में ही चलते हैं इसीलिए कांवड़िया की लाश अकेले पाए जाने से कई प्रश्न अनुत्तरित है ।पुलिस कांवर व शव के पास पड़े एक थैला जब्त किया था जिसमें कपड़े टूथपेस्ट, गुड़ाखू खैनी व गमछा वगैरह जरुरी सामान मिले थे. ज्ञात हो कि शव मिलने के बाद kgpnews.in ने ही खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था बावजूद इसके किसी भी हिन्दूवादी संगठन के सुध न लेने पर कई लोगों ने अचम्भा जताया है  अज्ञात लाश का अंत्यपरीक्षण करने के बाद प्रशासन 1 सप्ताह तक इन्तजार करती है उसके बाद लावारिस लाशों को सामूहिक तौर पर संस्कार कर दिया जाता है।

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