




पश्चिम बंगाल के खड़गपुर से एक बेहद शर्मनाक और निंदनीय घटना सामने आई है। खड़गपुर लोकल थाना क्षेत्र के बलरामपुर स्थित आमड़ातेड़िया गांव में एक ट्यूटर (प्राइवेट शिक्षक) द्वारा चौथी कक्षा की एक मासूम छात्रा के साथ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किए जाने का मामला प्रकाश में आया है।
स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जब छात्रा गांव के ही एक शिक्षक पशुपति महापात्र के घर ट्यूशन पढ़ने गई थी। आरोप है कि उसी दौरान शिक्षक ने बच्ची के साथ इस घिनौनी वारदात को अंजाम दिया।
पीड़िता के परिवार की एक सदस्या ने बताया कि जब बच्ची घर लौटी तो वह बुरी तरह रो रही थी। परिजनों द्वारा बार-बार पूछने पर उसने अपने साथ हुई पूरी आपबीती रोते हुए बताई। इसके बाद आनन-फानन में परिवार वालों ने बच्ची को इलाज के लिए खड़गपुर महकमा (सब-डिविजनल) अस्पताल में भर्ती कराया है।
जैसे ही इस घटना की खबर गांव वालों को लगी, पूरे इलाके में लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित स्थानीय महिलाएं और ग्रामीण खड़गपुर लोकल थाने पहुंच गए और जमकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि एक शिक्षक, जिसे समाज में सम्मान की नजर से देखा जाता है, उसका ऐसा घिनौना चरित्र हमारी सोच से भी परे है। उन्होंने आरोपी शिक्षक को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।
ग्रामीणों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि समाज के अन्य शिक्षकों को भी इस अमानवीय और असामाजिक कृत्य का कड़ा विरोध करना चाहिए। यदि ऐसा नहीं होता है, तो इलाके के सभी अभिभावक एकजुट होकर इस घटना के खिलाफ सड़कों पर उतरेंगे और बड़ा आंदोलन करेंगे।








