खड़गपुर: स्मार्ट प्रीपेड मीटर के खिलाफ बिजली उपभोक्ताओं का हल्ला बोल, DE ऑफिस में दिया डेपुटेशन





पश्चिम बंगाल के खड़गपुर में बिजली उपभोक्ताओं की समस्याओं को लेकर जन आक्रोश फूट पड़ा है। ‘सारा बांग्ला विद्युत ग्राहक समिति’ के बैनर तले सैकड़ों उपभोक्ताओं ने खड़गपुर मंडल अभियंता (DE) कार्यालय के बाहर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और अपनी मांगों का एक ज्ञापन सौंपा।



प्रमुख मांगें और विरोध के कारण

प्रदर्शनकारियों ने बिजली विभाग की नीतियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनके मुख्य मुद्दे निम्नलिखित हैं:
स्मार्ट प्रीपेड मीटर पर रोक: समिति ने मांग की है कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने की प्रक्रिया को तुरंत और स्थायी रूप से बंद किया जाए। उपभोक्ताओं का आरोप है कि इन मीटरों से बिजली के बिलों में अप्रत्याशित वृद्धि हो रही है।
अवैध वसूली का विरोध: लोड बढ़ाने के नाम पर उपभोक्ताओं से जो कथित तौर पर ‘गैर-कानूनी’ वसूली की जा रही है, उसे तुरंत रोकने की मांग की गई है।
बकाया और सुरक्षा राशि की वापसी: प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि 2007-2009 तक STW के बकाया पैसे और 2012-13 में ली गई अतिरिक्त सुरक्षा राशि (Security Money) ग्राहकों को वापस की जाए।
बुनियादी ढांचे में सुधार: खराब हो चुके बांस के खंभों को हटाकर नए और मजबूत खंभे लगाने सहित बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार की मांग उठाई गई है।
फिक्स्ड और मिनिमम चार्ज: लघु उद्योगों और सामान्य उपभोक्ताओं पर लगाए गए भारी फिक्स्ड चार्ज और मिनिमम चार्ज को वापस लेने की भी अपील की गई है।
