





कोलकाता: रविवार, 5 अप्रैल को कोलकाता प्रेस क्लब में इंडियन जर्नलिस्ट्स एसोसिएशन (IJA) की 102वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम एक तरह से ‘तारों के जमावड़े’ में तब्दील हो गया, जहां राजनीति, पत्रकारिता, कला और मनोरंजन जगत के कई जाने-माने चेहरों ने एक साथ शिरकत की। इस सभा में मुख्य अतिथि के तौर पर तृणमूल कांग्रेस के निवर्तमान विधायक शोभनदेव चट्टोपाध्याय और सीपीएम के दिग्गज नेता विमान बोस उपस्थित रहे।



पत्रकारिता की चुनौतियों और स्वतंत्रता पर मंथन

इस खास मौके पर वरिष्ठ पत्रकार सुमन चट्टोपाध्याय और सैयद हसमत जलाल भी मौजूद थे। अपने संबोधन में सुमन चट्टोपाध्याय ने आज के दौर में पत्रकारिता के सामने आने वाली चुनौतियों, मीडिया की जिम्मेदारियों और प्रेस की आजादी के महत्व पर विस्तार से चर्चा की। अपने भाषण को रोचक बनाते हुए उन्होंने बचपन से जुड़ी अखबारों की यादें और प्रख्यात कलाकार रामकिंकर बैज की कुछ प्रेरक कहानियाँ भी वहां मौजूद लोगों के साथ साझा कीं।
इस बैठक में राज्य उच्च माध्यमिक शिक्षा परिषद के अध्यक्ष डॉ. पार्थ कर्मकार, संगठन के महासचिव देबाशीष दास, अध्यक्ष के.डी. पार्थ और मिहिर गंगोपाध्याय समेत कई अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने भी हिस्सा लिया।
मनोरंजन जगत की भी रही मौजूदगी
कार्यक्रम की रौनक बढ़ाने के लिए मनोरंजन की दुनिया से मशहूर अभिनेता अंकुश, अनिर्बान चक्रवर्ती और रूपाली रॉय भट्टाचार्य भी उपस्थित थे।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न वक्ताओं ने आधुनिक समय में मीडिया की निष्पक्ष भूमिका और पत्रकारों की एकजुटता पर विशेष जोर दिया। चर्चा का मुख्य केंद्र यह रहा कि एक स्वस्थ लोकतांत्रिक ढांचे में स्वतंत्र और निष्पक्ष मीडिया की भूमिका कितनी अपरिहार्य है। इस महत्वपूर्ण बैठक का हिस्सा बनने के लिए राज्य के विभिन्न जिलों से भारी संख्या में पत्रकार कोलकाता पहुंचे थे।
समाजसेवी दीपक कुमार दासगुप्ता को किया गया सम्मानित
इस वार्षिक सभा में खड़गपुर के जाने-माने समाजसेवी दीपक कुमार दासगुप्ता (दीपू भाई) को विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। शिक्षा के क्षेत्र में फैले भ्रष्टाचार के खिलाफ उनकी दशकों लंबी लड़ाई और समाज सेवा में उनके उत्कृष्ट योगदान को सराहते हुए, IJA की ओर से उन्हें स्मृति चिह्न और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
सम्मान प्राप्त करने के बाद भावुक होते हुए दीपू भाई ने कहा, “यह सम्मान पाकर मैं बहुत खुश हूँ। पत्रकारों के हितों की रक्षा के लिए IJA जिस तरह से काम कर रहा है, वह वाकई काबिले तारीफ है।” वहीं, संगठन के महासचिव देबाशीष दास ने उनकी तारीफ करते हुए कहा कि दीपू दा एक बेहतरीन समाजसेवी होने के साथ-साथ पत्रकारों के सच्चे हितैषी भी हैं जो हर मुश्किल में उनके साथ खड़े रहते हैं।
इस 102वीं वार्षिक सभा ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि पत्रकारिता केवल खबरें पहुंचाने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह समाज के हर स्तर से गहराई से जुड़ी एक बेहद सशक्त लोकतांत्रिक शक्ति है।







